रायगढ़/तमनार। ग्राम पंचायत रोड़ोपाली में अवैध रूप से मिट्टी और मुरूम का उत्खनन कर रही एसआरसी कंपनी के खिलाफ खनिज विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए कार्रवाई की है। 19 जून को प्राप्त शिकायत के बाद विभाग की टीम ने मौके पर छापा मारा, जहाँ बिना वैध अनुमति के सड़क निर्माण के लिए मुरूम और मिट्टी निकाली जा रही थी।
जांच में अवैध उत्खनन की पुष्टि होने पर विभाग ने एसआरसी कंपनी की एक चैन माउंटेन मशीन (मॉडल: ZAXIS-220 LC.5G) को जब्त कर सील कर दिया। खनिज विभाग के अधिकारियों ने बताया कि कंपनी ने उत्खनन और परिवहन के लिए न तो कोई आवेदन किया था और न ही कोई अनुमति ली थी। कंपनी के विरुद्ध छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम 2015 और खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम 1957 के तहत मामला दर्ज किया गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्यों के लिए वैध रॉयल्टी पर्ची और अभिवहन पास अनिवार्य है।
रोड़ोपाली में अवैध उत्खनन: खनिज विभाग का छापा, कंपनी पर केस दर्ज
रायगढ़। तमनार तहसील के ग्राम रोड़ोपाली में अवैध मुरूम-मिट्टी खनन के खिलाफ खनिज विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। सड़क निर्माण में लगी एसआरसी कंपनी द्वारा बिना अनुमति के किए जा रहे उत्खनन को विभाग ने नियमों का गंभीर उल्लंघन माना है।
कार्रवाई की मुख्य बातें:
मौके पर जब्ती: कंपनी की एक भारी चैन माउंटेन मशीन जब्त की गई।
नियमों का उल्लंघन: बिना अनुमति और बिना रॉयल्टी पर्ची के खनन जारी था।
कानूनी कार्रवाई: छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम 2015 और खनिज अधिनियम की धाराओं के तहत प्रकरण पंजीबद्ध।
खनिज विभाग ने सभी ठेकेदारों को चेतावनी दी है कि बिना वैध अनुमति के खनिजों का परिवहन न करें, अन्यथा कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
निर्माण कार्य में खनिज का अवैध उपयोग पड़ेगा भारी; खनिज विभाग ने ठेकेदारों को दी कड़ी चेतावनी
रायगढ़/तमनार। हाल ही में ग्राम पंचायत रोड़ोपाली में हुए अवैध उत्खनन के मामले ने निर्माण कार्यों में नियमों के पालन की अनिवार्यता को फिर से सुर्खियों में ला दिया है। खनिज विभाग ने स्पष्ट किया है कि कोई भी एजेंसी या ठेकेदार जिला प्रशासन की अनुमति के बिना मिट्टी या मुरूम का उत्खनन नहीं कर सकता।
हालिया घटना में, एसआरसी कंपनी ने बिना अनुमति के सड़क निर्माण कार्य शुरू किया था, जिसके परिणामस्वरूप विभाग ने उनकी भारी मशीन जब्त कर कंपनी को भारी संकट में डाल दिया है। विभाग ने सभी संबंधित एजेंसियों से अपील की है:
उत्खनन से पहले कलेक्टर खनि शाखा से अनुमति प्राप्त करें।
खनिज परिवहन के लिए हमेशा वैध रॉयल्टी पर्ची और अभिवहन पास साथ रखें।
अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में ऐसी अवैध गतिविधियों पर और अधिक सख्ती बरती जाएगी।





