शर्मनाक: 3 साल की मासूम की कब्र सुरक्षित नहीं, पुलिस की सुस्त जांच से भड़के ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ खोला मोर्चा
बालोद (छत्तीसगढ़)। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले से एक बेहद संवेदनशील और हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। गुंडरदेही थाना क्षेत्र के अंतर्गत हल्दी चौकी के ग्राम माहुद-बी में तीन महीने पहले एक तीन वर्षीय मासूम बच्ची, प्रिया साहू की कब्र से छेड़छाड़ कर उसका सिर गायब कर दिया गया था। घटना के 90 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ अब तक पूरी तरह खाली हैं। जांच में हो रही देरी और पुलिस की कथित लापरवाही से नाराज ग्रामीणों ने सोमवार को जिला कलेक्ट्रेट का घेराव किया और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
झकझोर देने वाली घटना पर पुलिस की सुस्त रफ्तार
ग्रामीणों का कहना है कि मासूम बच्ची की कब्र से सिर का गायब होना पूरे इलाके को झकझोर देने वाली और अमानवीय घटना है। घटना की तत्काल शिकायत पुलिस से की गई थी, लेकिन इतने गंभीर मामले में भी पुलिस की जांच की रफ्तार बेहद धीमी रही है। तीन महीने बाद भी पुलिस को कोई ठोस सुराग नहीं मिल पाया है, जिससे गांव में डर, दहशत और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।
कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन: ग्रामीणों का फूटा गुस्सा
सोमवार को बड़ी संख्या में कलेक्ट्रेट पहुंचे ग्रामीणों ने जिला प्रशासन के सामने अपनी नाराजगी जाहिर की। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि:
लापरवाही: इतने संवेदनशील मामले को पुलिस प्रशासन गंभीरता से नहीं ले रहा है।
असंतोषजनक जवाब: जब भी ग्रामीण मामले की अपडेट लेने हल्दी चौकी पहुंचते हैं, तो उन्हें कोई स्पष्ट या संतोषजनक जवाब नहीं दिया जाता। इससे स्थानीय लोगों का पुलिस व्यवस्था से भरोसा उठ रहा है।
हल्दी चौकी प्रभारी पर धमकाने का गंभीर आरोप
प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने हल्दी चौकी प्रभारी लता तिवारी पर भी बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि:
”जब हम मामले की प्रगति (प्रोग्रेस) पूछने चौकी जाते हैं, तो चौकी प्रभारी लता तिवारी द्वारा हमें उल्टा धमकाया जाता है। साथ ही, इस मामले को उच्च अधिकारियों तक न ले जाने और शिकायत न करने का दबाव भी बनाया जाता है।”





