रायगढ़ / घरघोड़ा, 05 अगस्त: छत्तीसगढ़ के घरघोड़ा विकासखंड में विद्युत टावर और ट्रांसमिशन लाइन से प्रभावित किसानों को लंबे समय से मुआवजा न मिलने का मामला अब तूल पकड़ने लगा है। इस गंभीर समस्या को लेकर भारतीय युवा कांग्रेस पूरी तरह मुखर नजर आ रही है। जिला युवा कांग्रेस रायगढ़ ग्रामीण के जिला अध्यक्ष उस्मान बेग के नेतृत्व में युवा कांग्रेस के एक प्रतिनिधिमंडल ने अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी, घरघोड़ा को एक कड़ा ज्ञापन सौंपा है।
इन ग्रामों के किसान हैं प्रभावित

ज्ञापन में बताया गया है कि विकासखंड के बैहमुड़ा, खर्रामुड़ा, चुहकीमार, टेरम और ढोरम सहित कई अन्य ग्रामों में किसानों की निजी जमीनों पर विद्युत टावर और ट्रांसमिशन लाइन का निर्माण कार्य वर्षों पहले पूरा हो चुका है। इसके बावजूद, आज तक कई प्रभावित किसानों को उनकी पात्र मुआवजा राशि का भुगतान नहीं किया गया है। पीड़ितों का आरोप है कि वे न्याय के लिए लंबे समय से संबंधित कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक और मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
उस्मान बेग की दो टूक: “किसानों को उनके अधिकार के लिए भटकाना चिंता का विषय”
इस अवसर पर युवा कांग्रेस के जिला अध्यक्ष उस्मान बेग ने प्रशासन के रवैये पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा:
”विकास कार्यों में किसानों का सहयोग हमेशा से सराहनीय रहा है, लेकिन यदि उनकी भूमि का उपयोग होने के बाद भी उन्हें वर्षों तक अपने वैधानिक अधिकार के लिए भटकना पड़े, तो यह बेहद चिंता का विषय है।”
उन्होंने प्रशासन से अपील की है कि शासन की मंशा के अनुरूप पात्र हितग्राहियों को समय पर उनका हक मिलना चाहिए। युवा कांग्रेस ने मांग की है कि प्रशासन इस मामले में तुरंत संवेदनशीलता दिखाए और संबंधित विद्युत कंपनियों तथा विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर ग्रामवार लंबित मामलों का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करे। साथ ही, चेतावनी दी है कि यदि जल्द मुआवजा राशि नहीं मिली, तो किसानों के हितों की रक्षा के लिए उग्र आंदोलन किया जाएगा।
छात्र राजनीति से लेकर जनसेवा तक का सफर
क्षेत्र में किसानों, युवाओं और मजदूरों की समस्याओं को मुखरता से उठाने वाले उस्मान बेग एक सक्रिय जननेता के रूप में जाने जाते हैं। छात्र राजनीति (NSUI के जिला अध्यक्ष) से अपने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत करने वाले उस्मान बेग इससे पहले घरघोड़ा नगर पंचायत के उपाध्यक्ष और पार्षद जैसे महत्वपूर्ण पदों पर रहकर जनता की सेवा कर चुके हैं। जनहित, पारदर्शिता और आम नागरिकों के अधिकारों की रक्षा को अपनी प्राथमिकता बताने वाले उस्मान बेग के नेतृत्व में इस आंदोलन के बाद प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है।





